मुंबई । शेयर बाजार में निवेश करने वालों की निगाहें मंगलवार सुबह से ही सुप्रीम कोर्ट पर टिकीं हुई थी। मंगलवार को देश की सबसे बड़ी अदालत से निवेशकों के लिए भी बड़ा फैसला आना था और दांव पर उनके हजारों करोड़ भी लगे थे। उम्मीद निवेशकों को सुबह से ही कुछ अच्छा होने की थी और आखिरकार फैसला भी उनके हित में आया। निवेशकों की खुशी अंदाजा इस बात से लगा सकता हैं, कि फैसले के महज घंटे भर के अंदर ही 11 फीसदी से ज्यादा रिटर्न कमा लिया।
दरअसल अडानी समूह पर आई हिंडनबर्ग रिपोर्ट मामले की सुनवाई का फैसला सुप्रीम कोर्ट ने अडानी समूह के हक में दिया। जिसके बाद शेयर बाजार उछल पड़ा। अडानी समूह के शेयरों में घंटे भर के भीतर ही 11 फीसदी का जबरदस्त उछाल दिखने लगा। अडानी पोर्ट एंड सेज में 2 फीसदी, अडानी इंटरप्राइजेज में 5 फीसदी की तेजी दिखी। दोनों ही स्टॉक सुबह तक निफ्टी के टॉप गेनर बने रहे। इसके अलावा अडानी विल्मर,
अडानी ग्रीन एनर्जी, अडानी पॉवर, अडानी टोटल गैस और अडानी एनर्जी सॉल्यूशंस के शेयरों में भी 3 से 11 फीसदी का बड़ा उछाल दिखा है। अडानी समूह की अन्य कंपनियों जैसे एनडीटीवी, एसीसी और अंबुजा सीमेंट के स्टॉक में भी 6 फीसदी तक उछाल दिखा है। 2023 की शुरुआत में अडानी समूह के खिलाफ आई हिंडनबर्ग की रिपोर्ट के बाद समूह की कंपनियों को बड़ा नुकसान हुआ था। हालांकि, अडानी समूह के शेयर अपनी गिरावट से अब तक 80 फीसदी की रिकवरी कर चुके हैं। अडानी पोर्ट्स जैसे शेयर ने नुकसान की पूरी भरपाई कर ली है। दूसरी कंपनियों ने भी घाटे को काफी हद तक कम कर लिया है।
अडानी समूह की कंपनियों में लगातार तेजी दिख रही है, लेकिन कंपनी का मार्केट कैप अपने पीक से आज भी काफी पीछे है। हिंडनबर्ग की रिपोर्ट आने के बाद अडानी समूह का मार्केट कैप करीब 5.8 लाख करोड़ रुपये गिर गया था। उस समय कंपनी की बाजार पूंजी करीब 23 लाख करोड़ रुपये की थी। हालांकि, इसकी काफी हद तक भरपाई हो चुकी है और आज कंपनी का मार्केट कैप 15 लाख करोड़ रुपये को भी पार कर गया है, लेकिन पीक से अब भी काफी पीछे दिख रहा।