अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी दी कि या तो कोई समझौता होगा या अमेरिका अपना काम पूरा करेगा। इस बयान के बाद ईरान की ओर से भी कड़ी प्रतिक्रिया देखने को मिली।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर एक बार फिर कड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अमेरिका किसी भी हाल में पीछे नहीं हटेगा। ट्रंप ने कहा कि या तो ईरान के साथ समझौता होगा या अमेरिका अपना मिशन पूरा करेगा। उन्होंने कहा, "हम हर हाल में जीतेंगे। या तो हम समझौता करेंगे या काम पूरा करेंगे।" हालांकि, उन्होंने यह भी साफ किया कि उनकी प्राथमिकता सैन्य कार्रवाई नहीं, बल्कि बातचीत के ज़रिए समाधान निकालना है।
'ज़रूरत पड़ने पर, हम... एक घंटे के अंदर...'
ट्रंप ने कहा, "मैं समझौता करना पसंद करूंगा क्योंकि मैं 9.1 करोड़ लोगों पर असर नहीं डालना चाहता। लेकिन अगर ज़रूरत पड़ी, तो हम एक घंटे के अंदर ईरान के पुलों को नष्ट कर सकते हैं। हम उनकी ऊर्जा आपूर्ति और उनके विशाल, आधुनिक पावर प्लांट को भी खत्म कर सकते हैं। उनके पास बहुत पैसा हुआ करता था, लेकिन अब नहीं है। हमने उन्हें कोई पैसा नहीं दिया है।" अमेरिकी राष्ट्रपति ने आगे दावा किया कि अगर अमेरिका चाहे, तो कुछ ही घंटों में ईरान के पूरे पावर ग्रिड को ठप कर सकता है। ट्रंप ने कहा,
"हम दिन के उजाले में उनके सभी बिजली उत्पादन संयंत्रों को नष्ट कर सकते हैं। उनका हर एक प्लांट खत्म हो जाएगा, और वे यह अच्छी तरह जानते हैं।"
'एक ही हमले में उन सभी को खत्म कर सकते थे'
ट्रंप का यह बयान कुछ ही दिनों बाद आया है जब उन्होंने दावा किया था कि अगर अमेरिका चाहता, तो ईरान के बचे हुए शीर्ष नेतृत्व को "एक ही हमले में" खत्म कर सकता था। उन्होंने यह बात उस समय के संदर्भ में कही जब ईरान के वरिष्ठ अधिकारी पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के राजकीय अंतिम संस्कार के लिए एक साथ जमा हुए थे। खबरों के अनुसार, 28 फरवरी को अमेरिका-इज़राइल के संयुक्त हवाई हमलों में खामेनेई की मौत हो गई थी। समाचार वेबसाइट Axios को दिए एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा था,
"वे सभी एक ही जगह पर मौजूद थे।" 'हम एक ही हमले में सभी को खत्म कर सकते थे, लेकिन हमने ऐसा नहीं किया, क्योंकि तब बातचीत करने के लिए कोई नहीं बचता।'
'आपने बस इत्र की एक बोतल तोड़ी है'
ईरान ने ट्रंप के इन बयानों पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। रविवार को आर्मेनिया में ईरानी दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट में अमेरिका और ट्रंप की आलोचना की। दूतावास ने कहा कि अमेरिका कभी भी खामेनेई की मौत से जुड़े दुख और भावनाओं को नहीं समझ सकता, क्योंकि
'उसके पास न तो सभ्यता है, न इतिहास और न ही सम्मान। लोगों को मारा जा सकता है, लेकिन विचारों को नहीं। तुमने अयातुल्ला खामेनेई को मार डाला, लेकिन असल में तुमने सिर्फ़ इत्र की एक शीशी तोड़ी है, जिसकी खुशबू अब हर जगह फैल गई है।'
खामेनेई का पार्थिव शरीर क़ोम पहुँचा
अल जज़ीरा की एक रिपोर्ट के अनुसार, ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई का पार्थिव शरीर क़ोम पहुँच गया है। ईरान के सरकारी टीवी चैनल IRIB ने क़ोम प्रांत में जमकरण मस्जिद के ऊपर एक हेलीकॉप्टर के पहुँचने का फुटेज दिखाया। सरकारी मीडिया ने बताया कि खामेनेई का पार्थिव शरीर हेलीकॉप्टर में था। खबरों के मुताबिक, मंगलवार को क़ोम में अंतिम संस्कार की प्रक्रिया जारी रहेगी। इसके बाद, धार्मिक अनुष्ठानों के लिए पार्थिव शरीर को इराक के पवित्र शहरों नजफ़ और कर्बला ले जाया जाएगा।